लांगलेश्वर और गड़ा मणित्री के शिवरात्रि मेलों में अस्वच्छ खाद्य स्टॉल पाए गए
•सामाजिक कार्यकर्ताओं ने चलाया खाद्य सुरक्षा जागरूकता अभियान
बालासोर, 21/02 (कृष्ण कुमार मोहंती): बालासोर जिले के लांगलेश्वर तथा मयूरभंज के गड़ा मणित्री में आयोजित शिवरात्रि मेलों में कई अस्वच्छ खाद्य एवं मिष्ठान्न स्टॉल पाए जाने के बाद मामला चर्चा का विषय बन गया है।
ये मेले अपने जीवंत वातावरण और पारंपरिक व्यंजनों के लिए प्रसिद्ध हैं। बड़ी संख्या में श्रद्धालु, विशेषकर व्रत रखने वाले भक्त, यहां स्वच्छ और गुणवत्तापूर्ण भोजन की अपेक्षा से आते हैं।
किन्तु सबित्री देवी चैरिटेबल ट्रस्ट और सिटिज़न्स ह्यूमन राइट्स क्लिनिक के सदस्यों ने निरीक्षण के दौरान पाया कि कई स्टॉल अत्यंत अस्वच्छ परिस्थितियों में संचालित हो रहे थे। कुछ विक्रेताओं द्वारा बासी, मिलावटी और अवधि समाप्त खाद्य पदार्थ बेचे जाने का आरोप लगाया गया, जिससे गंभीर स्वास्थ्य जोखिम की आशंका जताई गई।
खाद्य सुरक्षा जागरूकता अभियान मयूरभंज और बालासोर जिलों के कलेक्टरों को पूर्व सूचना देकर चलाया गया। टीम का नेतृत्व अधिवक्ता प्रतापकेशरी दास ने किया। इसमें प्रो. रश्मि राउल, मोहम्मद मुक्तारुद्दीन, प्रो. श्रीकांत मलिक, बिस्वकेशन बेहरा, प्रमोद कुमार पट्टायत, खगेन भारती, राजेंद्र राउल और साधु चरण मलिक शामिल थे।
सामाजिक कार्यकर्ताओं ने 20 फरवरी को गड़ा मणित्री और लांगलेश्वर का दौरा कर अभियान चलाया। गड़ा मणित्री में मयूरभंज कलेक्टर कार्यालय के प्रतिनिधि उपस्थित थे, जबकि लांगलेश्वर मेले में बालासोर कलेक्टर कार्यालय का कोई प्रतिनिधि नजर नहीं आया। यह बात मेले में चर्चा का विषय बनी रही।
लांगलेश्वर मेले में स्थानीय पुलिस की उपस्थिति से दोनों संगठनों के कार्यकर्ताओं को निरीक्षण और जागरूकता अभियान के दौरान सहयोग मिला।
कार्यकर्ताओं से बातचीत के बाद जिन स्टॉल मालिकों पर मिलावटी और अवधि समाप्त खाद्य पदार्थ बेचने का आरोप था, उन्होंने भविष्य में ऐसे उत्पाद न बेचने का आश्वासन दिया।
संगठनों ने बड़े धार्मिक आयोजनों के दौरान सार्वजनिक स्वास्थ्य की सुरक्षा के लिए सख्त निगरानी और नियमित खाद्य जांच की आवश्यकता पर जोर दिया है।